
मुरादाबाद, उ०प्र० राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों एवं जिलाधिकारी के आदेश के अनुपालनार्थ हीट वेव/लू से बचाव जन-जागरूकता हेतु जनहित में जारी- क्या करे, क्या न करे के संबंध में दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व श्रीमती ममता मालवीय ने बताया कि हीट वेव और लू से बचाव के संबंध में प्रचार माध्यमों पर हीट वेव/लू की चेतावनी पर ध्यान दिया जाए, अधिक से अधिक पानी पियें, हल्के रंग के पसीना शोषित करने वाले वस्त्र पहनें, धूप के चश्में, छाता, टोपी, व चप्पल का प्रयोग करें, अगर आप खुले में कार्य करते है तो सिर, चेहरा, हाथ पैरो को गीले कपड़े से ढके रहे तथा छाते का प्रयोग करें। उन्होंने बताया कि यात्रा करते समय पीने का पानी अपने साथ ले जाएं। ओ०आर०एस०, घर में बने हुये पेय पदार्थ जैसे लस्सी, चावल का पानी (माड), नीबू पानी, छाछ आदि का उपयोग करें, जिससे कि शरीर में पानी की कमी की भरपाई हो सके, हीट स्ट्रोक, हीट रैश, हीट क्रैम्प के लक्षणो जैसे कमजोरी, चक्कर आना, सरदर्द, उबकाई, पसीना आना, मूर्छा आदि को पहचानें एवं लक्षण की स्थिति में तत्काल नजदीकी अस्पताल में सम्पर्क करें, यदि मूर्छा या बीमारी अनुभव करते है तो तुरन्त चिकित्सीय सलाह लें। जानवरों को छायादार स्थानों पर रखें तथा उन्हें पर्याप्त मात्रा में पानी पीने को दिया जाए, अपने घरों को ठण्डा रखे, पर्दे दरवाजे आदि का उपयोग करे तथा शाम/रात के समय घर तथा कमरों को ठण्डा करने हेतु इसे खोल दे, पंखे गीले कपडों का उपयोग करें तथा बारम्बार स्नान करें, कार्य स्थल पर ठण्डे पीने का पानी रखें, कार्य करने वाले कर्मियों को सीधी सर्यू की रोशनी से बचने हेतु सावधान करे, श्रमसाध्य कार्यों को ठण्डे समय में करने/कराने का प्रयास करें। घर से बाहर होने की स्थिति में आराम करने की समयावधि तथा आवृत्ति को बढ़ायें। गर्भस्थ महिला कर्मियों तथा रोगग्रस्त कर्मियों पर अतिरिक्त ध्यान देना चाहिए। इसके साथ ही अग्नि के उपयोग वाले सभी कार्य सुबह जल्दी निपटा लें। उन्होंने हीट वेव और लू से बचाव हेतु क्या न करे के संबंध में बताया कि बच्चों तथा पालतू जानवरो को खड़ी गाडियों में न छोड़ें, दोपहर 12 बजे से 03 बजे के मध्य सूर्य की रोशनी में जाने से बचें। गहरे रंग के भारी तथा तंग कपड़ें न पहनें। जब बाहर का तापमान अधिक हो तब श्रमसाध्य कार्य न करे, अधिक गर्मी वाले समय में खाना बनाने से बचें, रसोई वाले स्थान को ठण्डा करने के लिये दरवाजे तथा खिडकियों खोल दे। उन्होंने बताया कि शराब, चाय, काफी, कार्बोनेटडे साफ्ट ड्रिंक आदि के उपयोग करने से बचें क्योंकि यह शरीर में निर्जलीकरण करता है। खुले स्थानों पर अग्नि व ज्वलनशील पदार्थों का प्रयोग तेज हवा की स्थिति में न करें।
