मुरादाबाद
दिनांक 25.12.2024 को थाना प्रभारी भोजपुर को सूचना मिली थी कि थाना भोजपुर क्षेत्रान्तर्गत काशीपुर रोड के पास जंगल ग्राम जहांगीरपुर मे एक अज्ञात महिला का शव पडा है । जिसकी धारदार हथियार से गला काटकर फेंककर जाना प्रतीत होता है । सूचना पर थाना प्रभारी भोजपुर मय पुलिस बल मौके पर गए और घटना स्थल का निरीक्षण किया तथा फील्ड यूनिट को मौके पर बुलाकर निरीक्षण कराया गया एवं नियमानुसार शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम की कार्यवाही की गयी तत्पश्चात मृतका के शव को शिनाख्त हेतु सोशल मीडिया के माध्यम से व्हाटसएप ग्रुप, फेसबुक ट्वीटर आदि पर मृतका का फोटो प्रसारित कराया गया तथा मृतका की पहचान अंजली उर्फ आंकाक्षा पुत्री भूरा कश्यप निवासी गडडा कालोनी कस्बा व थाना काशीपुर जिला ऊधमसिंह नगर के रूप मे हुयी तथा इनकी तहरीर पर दिनांक 26-12-2024 थाना भोजपुर पर मु0अ0सं0 574/2024 धारा 103(1)/238 बीएनएस भादवि बनाम अभियुक्त मोहित सैनी पुत्र विजय सिंह सैनी निवासी बंगला गाव थाना नागफनी जिला मुरादाबाद व उसके दोस्त नाम व पता अज्ञात पंजीकृत किया गया।
घटना का खुलासा
करने के लिऐ थाना भोजपुर पर टीम का गठन हुआ दिनांक 28.12.2024 को हत्या मे नामित अभियुगक्तगण 1.मोहित सैनी पुत्र विजय सिंह सैनी निवासी होली का मैदान बंगला गांव थाना नागफनी जिला मुरादाबाद व उसके दोस्त 2.ओमकांर शर्मा पुत्र हरीओम शर्मा निवासी मकान नं0 2 गली नं0 2 निकट सोनू नर्सरी बंगला गांव थाना नागफनी जिला मुरादाबाद को गिरफ्तार किया गया
पुलिस की पूछताछ
मे अभियुक्त मोहित सैनी जो की बीकाम फर्स्ट ईयर का छात्र बताया तथा बताया कि मेरे पिता टेलर है व हमारी दूध की डेरी भी है और बताया कि अंजली उर्फ आकांशा अपने पति सद्दाम के साथ हमारे घर किराये पर रहने के लिये जनवरी 2023 मे आयी थी हमारे घर में और भी किरायेदार रहते है दोनो करीब 1 साल तक रहे उसके पति सद्दाम दिल्ली के किसी होटल मे काम करते थे वह कभी कभी आते थे इसी बीच मेरे व अंजली उर्फ आकांशा के बीच अवैध सम्बन्ध बन गये जिसका शक उसके पति सद्दाम को भी हो गया 31 दिसम्बर 2023 की रात को दोनो मे झगडा व मारपीट हुयी फिर वह दो तीन दिन बाद दिल्ली चला गया तो मैने अंजली उर्फ आकांशा को वहाँ चन्दन नगर लोकोशैड थाना सिविल लाईन के अनुज चौधरी के यहाँ पर किराये पर रख दिया मैं उसके पास आता जाता रहा और अक्सर रात मे वहाँ रुक भी जाता था हमारे सम्बन्ध चलते रहे करीब 6 – 7 महीने बाद जुलाई मे मैने उससे कहा कि मैं अब और तेरे साथ नही रह सकता तो उसने कहा कि मैं तेरे बगैर मर जाउंगी फिर उसने घर मे रखा फिनाईल

पी लिया जैसे तैसे मैने उसे कासमास मे भर्ती कराया वह लगभग 6 दिन रही उस दौरान इसकी माँ , बाप व बहन भी मिलने आये थे इसके माता पिता व बहन को अच्छी तरह पता था कि वह मेरे साथ बिना शादी के रह रही है फिर हम लोग चन्दन नगर से घर छोडकर न्यू केशवपुरम काशीपुर जिला ऊधमसिंह नगर मे उमाशंकर माली के मकान मे किराये पर रहने लगे वहाँ करीब 3 – 4 माह से रह रहे थे मुझे बाद मे पता चला कि सद्दाम से पहले इसका एक पति शोऐब भी था जिससे उसकी एक बेटी अन्नू तीन साल की भी थी जब हम काशीपुर मे रहने लगे तो वह अपने पूर्व पति शोऐब से बातें व मुलाकात करने लगी मैने काफी मना किया परन्तु वह नही मानी और पिछले 15 – 20 दिनो से हमारे बीच काफी विवाद बढने लगा , तभी मैने ठान लिया कि इसे ठिकाने लगाउंगा उधर मेरे माता पिता भी मेरे लिये रिश्ते देखने लगे मैं माता पिता के दबाव मे भी था बस यही सोचता रहता था कि कैसे इससे पीछे छुडाउ करीब 10 दिन पहले मैने छतरी चौराहा काशीपुर फ्लाई ओवर के नीचे से उस्तरा और कुछ कासमेटिक का सामान खरीदा फिर मैं 23 दिसम्बर को ट्रेन से मुरादाबाद घर आया मैं ज्यादातर मुरादाबाद ट्रेन से आता जाता हूँ और मैने अपने दोस्त ओमकार उपरोक्त से मिलकर उसे रास्ते से हटाने की बात की और वापस काशीपुर आ गया फिर अगले दिन मैं 2.30 बजे वाली ट्रेन से मुरादाबाद स्टेशन पर आया मैने अपनें दोस्त (ओमकार) के मो0न0 पर फोन करके उसे स्टेशन बुलाया फिर हम 5.15 बजे शाम वाली ट्रेन से काशीपुर आ गये दिनांक 24.12.2024 को शाम को करीब 7.30 बजे काशीपुर पहुँचे फिर घर पर आये अंजली उर्फ आकांशा ओमकार को पहले से ही जानती थी फिर हम दोनो बाईक से मार्केट गये वहाँ से हमने शराब खरीदी व पी तथा दो क्वार्टर लेकर कमरे पर आ गयें वहाँ हमने फिर पी तथा आकांशा ने भी दो पैग मारे वह अक्सर शराब पी लेती थी फिर 11 बजे करीब खाना खाया और बाते करने लगे फिर मैने रात्रि 2.30 बजे आकांशा से कहा कि मम्मी की तबीयत बहुत खराब है हमे अभी चलना पडेगा मेरीस्पलेण्डर बाईक जिसपर आपने हमे पकडा है वही मेरे पास काशीपुर ही रहती थी हम तीनो रात्रि लगभग 3 बजे घर से निकले मोटरसाईकिल मैं चला रहा था बीच में ओमकार बैठा था तथा पीछे अंजली उर्फ आकांशा बैठी थी ओमकार की जैकेट मे मैने उस्तरा रखवा दिया था रास्ते मे ओमकार ने उस्तरा मेरी नीली हुड्डी की जेब मे डाल दिया रास्ते मे एक चौकी आयी मैने उसका नाम नही देखा उससे करीब 2 – 3 किलोमीटर आगे चलकर सुनसान रास्ते पर मैने पेशाब करने के बहाने मोटरसाईकिल रोकी और उससे कहा कि मैं अब तुझे साथ नही रख सकता और उस्तरा निकालकर पीछे जाकर उसकी गर्दन पर बहुत तेजी से वार किया ओमकार ने उसके हाथ पकड रखे थे , ओमकार से अंजली का हाथ छुट गया था जिससे मै और अंजली दोनो सडक के किनारे गढ्ढे मे गिर गये थे फिर मैने और ओमकार ने उसे खींचकर साईड मे कर दिया तथा वहाँ सडक पर ऊपर आकर मोटरसाईकिल स्टार्ट
कर कुछ आगे गये तो एक व्यक्ति से पेट्रोल पम्प के बारे मे पूछा तो बताया कि पीछे एक दो किलोमीटर पर ही पैट्रोल पम्प है फिर हमने मोटर साईकिल मोडी और पेट्रोल पम्प की ओर चल दिये पेट्रोल पम्प से कुछ पहले ही बिजली के खम्भे के पास मैने उस्तरा फैंक दिया था पेट्रोल पम्प बन्द था वहाँ मैने पैट्रोल पम्प पर लगे जाली वाले वाटर कुलर में हाथ धोए और वापस मुरादाबाद की ओर चल दिये थे ,मोटरसाईकिल मे पेट्रोल कम था वह कुछ दूर चलने के बाद बन्द हो गयी फिर हम दोनो ने लगभग 1 -2 किलोमीटर पैदल पैदल मोटरसाईकिल खीची फिर हमे सीधे हाथ पर एक पेट्रोल पम्प मिला जिसपर मैने 50 रुपये का तेल मोटरसाईकिल मे डलवाया जो मैने गूगल पे से पैमेंट किया गया वह अकाउंट मेरी मां ममता देवी के नाम से है उस समय करीब 05.45 – 06.00 बज रहे होंगे फिर मैने बंगला गाँव पहुँचकर ओमकार को छोड दिया और मैने अपनी मोटरसाईकिल स्पलेण्डर अपने दोस्त अमन उर्फ बाबू मोहल्ला वाल्मीकि बंगलागाँव के यहाँ खडी कर दी और घर चला गया वह हुड्डी मैने घर पर उतार दी और बाकी कपडे मैने उतारकर पास की राम गंगा नदी मे फैंक दिये हुड्डी घर पर ही है । पूछने पर बताया जिस उस्तरे से तुमने अंजली उर्फ आकांशा का गला काटा था क्या उसे बरामद करा सकते हो तो बताया कि हाँ सर मैं बरामद करा सकता हूँ ओमकार से पूछने पर बताया कि सर मैने मोहित का साथ केवल दोस्ती के लिये दिया था मुझे इसने किसी तरह का कोई रुपया व गैरह नही दिया है ।अभियुक्त मोहित उपरोक्त से बरामद मोबाईल नम्बर के संबन्ध में पूछा गया तो उसने अपना मोबाईल नम्बर बताया । कहा कि सर इसी पर फोन करके मोहित ने मुझे स्टेशन पर बुलाया था । मोहित से उस्तरे से वारदात करने के सबन्ध में पूछा गया तो बताया कि साहब मैने कुछ समय पहले फैमस वैबसिरीज मिर्जापुर देखी थी उसी से मैने उस्तरे से गला काटकर मारने का आईडिया लिया था।
