
MORADABAD,प्रदेश सरकार की कुक्कुट विकास नीति-2022 ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। जनपद मुरादाबाद के तहसील कांठ अंतर्गत ग्राम बहादुरपुर, सलेमपुर निवासी मो.आरिफ ने इस नीति का लाभ उठाकर कुक्कुट पालन को सफल व्यवसाय के रूप में विकसित किया है।प्रतिवर्ष 94.90 लाख अंडों का उत्पादन, 15 से 16 व्यक्तियों को मिला रोजगार
मो, आरिफ ने कुक्कुट विकास नीति-2022 के अंतर्गत पशुपालन विभाग से ₹15 लाख का अनुदान प्राप्त कर कुक्कुट फार्म की स्थापना की। उन्होंने लगभग ₹30 लाख की लागत से वन इंडिया एग्स फूड एंड सप्लायर्स नाम से लेयर फार्म स्थापित किया, जिससे अंडा उत्पादन के क्षेत्र में उन्हें उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई है।
मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ सुनील दत्त ने बताया कि वर्तमान में मो. आरिफ के फार्म का वार्षिक कारोबार लगभग ₹23 से ₹24 लाख है तथा यहां प्रतिवर्ष लगभग 94,90,000 अंडों का उत्पादन किया जा रहा है। इस व्यवसाय के माध्यम से 15 से 16 व्यक्तियों को रोजगार भी प्राप्त हो रहा है।
कुक्कुट पालन के माध्यम से मो. आरिफ ने न केवल अपनी आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ किया है, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन में भी योगदान दिया है। यह सफलता ग्रामीण क्षेत्रों में उपलब्ध स्वरोजगार के अवसरों का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देती है।
प्रदेश सरकार द्वारा संचालित कुक्कुट विकास नीति-2022 का उद्देश्य कुक्कुट पालन को प्रोत्साहित करना, अंडा उत्पादन में वृद्धि करना तथा ग्रामीण क्षेत्रों में उद्यमिता और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देना है। मो. आरिफ की सफलता इस दिशा में एक प्रेरक उदाहरण है।
