90 प्रतिशत पूर्ण परियोजनाएं इसी माह होंगी पूर्ण, 100 प्रतिशत पूर्ण कार्यों का तत्काल हस्तांतरण कराने के निर्देश।

मुख्य विकास अधिकारी सुश्री मृणाली अविनाश जोशी की अध्यक्षता में मा0 मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर जनपद के विकास कार्यों एवं विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान खराब प्रदर्शन वाले विभागों की रैंकिंग में सुधार के लिए संबंधित अधिकारियों को प्रभावी एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
मुख्य विकास अधिकारी ने निर्देशित किया कि 90 प्रतिशत तक पूर्ण हो चुकी विकास परियोजनाओं को इसी माह पूर्ण कराकर उनका हस्तांतरण सुनिश्चित किया जाए। वहीं, 100 प्रतिशत पूर्ण परियोजनाओं का तत्काल हस्तांतरण कराया जाए, ताकि पूर्ण हो चुके विकास कार्यों का लाभ आमजन को शीघ्र प्राप्त हो सके।
उन्होंने कहा कि जिन परियोजनाओं की निर्धारित पूर्णता तिथि समाप्त हो चुकी है, उनमें नियमानुसार समय विस्तार की कार्रवाई तत्काल सुनिश्चित की जाए। धनाभाव के कारण लंबित परियोजनाओं के संबंध में शासन को पत्र प्रेषित कर आवश्यक धनराशि उपलब्ध कराने की कार्रवाई भी प्राथमिकता से की जाए।
जर्जर भवनों में संचालन पर सख्ती
सीडीओ ने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनपद में किसी भी जर्जर अथवा जीर्ण-शीर्ण भवन में विभागीय गतिविधियों का संचालन न किया जाए। ऐसे भवनों का आवश्यक तकनीकी परीक्षण कराकर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की संभावना न रहे।
ऐतिहासिक स्थलों पर दीपोत्सव व लेजर लाइट की तैयारी
‘सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत ऐतिहासिक स्थलों एवं भवनों पर दीपोत्सव तथा लेजर लाइट लगाए जाने के संबंध में भी आवश्यक तैयारियां समय से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
विकसित भारत-2047 के संकल्प को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर
मुख्य विकास अधिकारी ने केंद्र सरकार के 12 वर्ष एवं प्रदेश सरकार के साढ़े नौ वर्षों के विकास कार्यों से जनजीवन में आए सकारात्मक परिवर्तनों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए व्यापक कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। विकसित भारत-2047 के संकल्प के साथ युवा, महिला, किसान एवं वंचित वर्ग को आत्मनिर्भर राष्ट्र निर्माण से जोड़ने के उद्देश्य से अस्पतालों में फल वितरण, रक्तदान शिविर, विश्वकर्मा जयंती पर टूल किट वितरण सहित विभिन्न जनकल्याणकारी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर विभागीय प्रगति एवं रैंकिंग में सुधार के लिए लंबित कार्यों की नियमित समीक्षा कर उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराया जाए। विकास कार्यों में लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब को गंभीरता से लिया जाएगा।
