
जनपद मुरादाबाद में ‘मिशन सेफ स्कूल 2.0’ अभियान के अंतर्गत अनफिट स्कूली वाहनों के विरुद्ध 11 अगस्त से 25 अगस्त 2026 तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
इस संबंध में जिलाधिकारी डॉ. राजेन्द्र पैंसिया की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला विद्यालय यान परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई।बैठक में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद में संचालित सभी स्कूली वाहनों की सघन जांच सुनिश्चित की जाए। 31 अगस्त 2026 तक फिटनेस न कराने वाले स्कूली वाहनों के ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित किए जाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।
साथ ही स्कूली वाहनों के फिटनेस, परमिट, बीमा, प्रदूषण प्रमाण-पत्र तथा अन्य आवश्यक अभिलेखों की जांच करने को कहा।जिलाधिकारी ने सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन/प्रवर्तन), उप जिलाधिकारी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी तथा परिवहन विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि यातायात पुलिस के सहयोग से स्कूली वाहनों की जांच का विशेष अभियान चलाया जाए।
जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित वाहन चालकों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाए।उन्होंने कहा कि सभी स्कूली वाहनों में स्पीड लिमिट का पालन सुनिश्चित कराया जाए। इसके लिए परिवहन विभाग, मुरादाबाद यातायात पुलिस एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
स्कूली वाहनों के संचालन में निर्धारित सुरक्षा मानकों एवं संबंधित धाराओं का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया गया।बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि स्कूली वाहनों की फिटनेस न कराने वाले विद्यालय प्रबंधकों के कारण बच्चों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता न हो।
ऐसे विद्यालयों को नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि विद्यालय प्रबंधक एवं प्रधानाचार्य की जिम्मेदारी है कि विद्यालय में संचालित प्रत्येक वाहन बच्चों की सुरक्षित यात्रा के मानकों को पूरा करता हो।
जिलाधिकारी ने माननीय मुख्यमंत्री जी के स्पष्ट निर्देशों का उल्लेख करते हुए कहा कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। किसी भी विद्यालय द्वारा सुरक्षा मानकों की अनदेखी किए जाने पर संबंधित विद्यालय के प्रबंधक/प्रधानाचार्य की जवाबदेही तय की जाएगी।
बैठक में जिला विद्यालय निरीक्षक श्रीमती रितु तोमर, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री अमित सिंह, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन/प्रवर्तन) सहित संबंधित अधिकारी एवं विद्यालयों के प्रबंधक/प्रधानाचार्य उपस्थित रहे।
