
मुरादाबाद (उत्तर प्रदेश)। जनपद के थाना सिविल लाइन्स पुलिस ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) मुरादाबाद के निर्देशन में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस टीम ने नौकरी दिलाने का झांसा देकर बेरोजगार युवाओं से लाखों रुपये ऐंठने वाले और पैसे वापस मांगने पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह के 5 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है।पुलिस ने इनके पास से अवैध तमंचे, कारतूस, चाकू, ठगी के ₹1,08,000 नगद और घटना में इस्तेमाल की गई बलेनो कार (UK18R9427) बरामद की है।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस के अनुसार, 9 जुलाई 2026 को पीड़ित महेंद्र कुमार (पुत्र महेश कुमार, निवासी ग्राम हसनापुर, थाना कोतवाली सदर, जनपद फतेहपुर) ने थाना सिविल लाइन्स में तहरीर दी थी। वादी ने बताया कि अभियुक्तों ने उसे नौकरी लगवाने के नाम पर मोटी रकम ठगी थी। जब उसने अपने पैसे वापस मांगे, तो अभियुक्तों ने उसके साथ जमकर मारपीट की और जान से मारने की नीयत से उन पर गोलियां चला दीं।तहरीर के आधार पर पुलिस ने तत्काल मु०अ०सं० 0454/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं— 191(2), 318(4), 115(2), 351(2), 109(1), और 3(5) में मुकदमा पंजीकृत कर जांच शुरू की थी।
गिरफ्तार किए गए अभियुक्त:पकड़े गए सभी पांचों आरोपी मूल रूप से उत्तराखंड के उधमसिंह नगर जिले के रहने वाले हैं:काव्यांश शर्मा पुत्र राजकुमार शर्मा (निवासी: रामपुरम एक्सटेंशन सोसायटी, फ्लैट नं० 30, थाना आईटीआई)अक्षय पुत्र जगत सिंह (निवासी: शंकरपुरी कालोनी, बाजपुर रोड काशीपुर, थाना आईटीआई)दीपक पुत्र राम अवतार सिंह (निवासी: कुंडेश्वरी बंगाली कालोनी पच्चा वाला, थाना आईटीआई)गुलशेर उर्फ इरशाद अली पुत्र शमशेर पहलवान (निवासी: ग्राम हरियावाला इस्लामनगर, थाना कुंडा)सूरज बोहरा पुत्र हरीश सिंह बोहरा (निवासी: शामपुरम ओम विहार कालोनी काशीपुर, थाना आईटीआई)बरामदगी का विवरण:नगद राशि: ₹1,08,000 (एक लाख आठ हजार रुपये)वाहन: 01 कार (बलेनो, संख्या- UK18R9427)अवैध हथियार: * 01 अवैध तमंचा 12 बोर (मय 02 जिंदा कारतूस)01 अवैध तमंचा 315 बोर (मय 03 जिंदा कारतूस और 01 खोका कारतूस)01 तेज धारदार चाकूअन्य: 04 अदद मोबाइल फोनअभियुक्तों का आपराधिक इतिहास:गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से दीपक का पुराना आपराधिक इतिहास पाया गया है। उसके खिलाफ पूर्व में भी जनपद उधमसिंह नगर के थाना आईटीआई में धोखाधड़ी (धारा 420, 467, 468, 471 आदि) के तहत दो बड़े मुकदमे (मु०अ०सं० 67/2021 और 83/2024) दर्ज हैं। पुलिस टीम द्वारा अन्य अभियुक्तों के आपराधिक इतिहास की भी विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। गिरफ्तारी और अवैध हथियारों की बरामदगी के बाद मुकदमे में आर्म्स एक्ट की धारा 4/25 व 3/25/27 की बढ़ोतरी की गई है।सराहनीय कार्य करने वाली पुलिस टीम:इस शातिर गिरोह को दबोचने में प्रभारी निरीक्षक श्री मनीष सक्सेना, उप-निरीक्षक (उ०नि०) राजीव कुमार, उ०नि० आकाश धामा, हेड कांस्टेबल राजीव व रोहिताश, और कांस्टेबल राजेश, हरीश, अंकुश तथा रवि की मुख्य व सराहनीय भूमिका रही।
